• April 21, 2024

पूर्व मुख्यमंत्री एनडी तिवारी द्वारा खोली गई कैंटीन पर अवैध कब्जा।  

 पूर्व मुख्यमंत्री एनडी तिवारी द्वारा खोली गई कैंटीन पर अवैध कब्जा।  

नोएडा

पूर्व मुख्यमंत्री एनडी तिवारी द्वारा खोली गई कैंटीन पर अवैध कब्जा।  

रिपोर्ट :- योगेश राणा

नोएडा: प्रदेश का शो विंडो कहें जानें वाला नवीन ओखला औद्योगिक विकास प्राधिकरण (नोएडा) की कल्पना प्रदेश के भूतपूर्व मुख्यमंत्री एनडी तिवारी ने की और अपने मुख्यमंत्री कार्य काल में 1976 में इस औद्योगिक क्षेत्र की स्थापना भी की थी। शहरवासियों के लिए कई सुविधाएं भी मुहैया कराने का कार्य किया था। शहर का ईएसआई अस्पताल, नेहरू युवा केंद्र और सेक्टर-12 स्थित प्रियदर्शनी पार्क का उद्घाटन एनडी तिवारी ने किया था। निष्क्रियता के बाद भी वह नोएडा के विकास से संबंधित जानकारी कार्यकर्ताओं और समर्थकों से लेते रहे और एनडी तिवारी ने ही सेक्टर-11 स्थित नेहरू युवा केंद्र बनवाया था। यह कहना गलत नहीं होगा कि एनडी तिवारी नहीं होते तो नोएडा की स्थापना संभव नहीं थी अगर हो भी जाती तो यह काम मुश्किलों भरा होता शहर के विकास को लेकर तो वह हमेशा आतुर रहते थे। साथ ही कार्यकताओं के साथ नियमित रूप से मिलना जुलना भी था और उसी दौरान नोएडा के फेज टू में बंद के दौरान काफी आगजनी हुई थी। अगर इसी तरह की स्थिति भविष्य में भी रही तो शहर बर्बाद हो जाएगा। उन्होंने ही पहली बार इस क्षेत्र को डेवलप करने की बात कांग्रेस के वरिष्ठ नेता संजय गांधी से कही थी। मयूर विहार के पास आकर इस क्षेत्र को देखा था, इसके बाद ही इसकी स्थापना को बल मिला था। पूर्व मुख्यमंत्री एनडी तिवारी ने अपने कार्यकाल में नोएडा के विभिन्न सेक्टरों में जहां औद्योगिक इकाई स्थापित है वह उन्होंने औद्योगिक इकाई में काम करने वाले कर्मचारियों व मजदूरों को सस्ते में भोजन उपलब्ध कराने के लिए पार्कों के साथ ही कैंटीन की शुरुआत की थी सबसे पहले सेक्टर 9,10 में कई जगहों पर कैंटिन की शुरुआत की थी लेकिन सरकार बदलने पर इस कैंटीन पर किसी ने ध्यान नहीं दिया। धीर-धीरे यह कैटिन खंडहर में तब्दील होती चली गई‌ और आज इस में अवैध कबाड़ी की दूकान और वहां पेंट की दुकानें खुल गई ‌है मगर इतना कुछ हो जाने के बावजूद जिला प्रशासन सहित नोएडा प्राधिकरण की कुंभकर्णी नींद नहीं खुल पाईं अब देखना होगा इस खबर के बाद

प्राधिकरण के आला अधिकारी जागेंगे या फिर सोते ही रहेंगे यह एक बड़ा सवाल है।

Related post

Leave a Reply

Your email address will not be published.